उत्तराखण्ड

सीएसआईआर-सीबीआरआई रुड़की की मेजबानी में कुसुनपुर बना CSIR का स्मार्ट विलेज मॉडल

– ओडिशा के कुसुनपुर गांव में CSIR स्मार्ट विलेज परियोजना की हुई शुरुआत

– यह पहल तकनीक आधारित और सतत ग्रामीण विकास को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम

देहरादून : ओडिशा के केंद्रापड़ा में CSIR स्मार्ट विलेज की पहल का भव्य शुभारंभ हुआ। केंद्रापड़ा जिले के राजनगर ब्लॉक के कुसुनपुर गांव में यह उद्घाटन हुआ। इस कार्यक्रम की मेजबानी CSIR–केंद्रीय भवन अनुसंधान संस्थान (CSIR-CBRI), रुड़की द्वारा प्रो. प्रदीप कुमार रमणचारला के नेतृत्व में की गई। यह पहल तकनीक आधारित और सतत ग्रामीण विकास को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस पहल का उद्देश्य शोध संस्थानों, स्थानीय प्रशासन और कार्यान्वयन साझेदारों के सहयोग से वैज्ञानिक नवाचारों और व्यावहारिक समाधानों को ग्रामीण समुदायों तक पहुँचाना है।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में डॉ. एन. कलैसेल्वी, सचिव, वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान विभाग (DSIR) तथा महानिदेशक, CSIR, ने दूरस्थ माध्यम से अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इस अवसर पर राघुराम आर. अय्यर, IAS, कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट, केंद्रापड़ा भी उपस्थित रहे। इसके साथ ही विभिन्न CSIR प्रयोगशालाओं के वरिष्ठ वैज्ञानिक और संस्थागत प्रतिनिधि भी कार्यक्रम में शामिल हुए।

इस कार्यक्रम की मेजबानी CSIR–केंद्रीय भवन अनुसंधान संस्थान (CSIR-CBRI), रुड़की द्वारा प्रो. प्रदीप कुमार रमणचारला के नेतृत्व में की गई। इसमें भाग लेने वाली CSIR प्रयोगशालाओं के निदेशक भी उपस्थित थे, जिनमें CSIR-CIMAP, CSIR-IHBT, CSIR-CEERI, CSIR-IICT, CSIR-CMERI, CSIR-SERC, CSIR-NEERI, CSIR-AMPRI, CSIR-CLRI, CSIR-NGRI, CSIR-CSIO, CSIR-CRRI, CSIR-CFTRI और CSIR-IMMT शामिल हैं। कार्यक्रम का आयोजन ओडिशा सरकार के प्रशासनिक अधिकारियों के सहयोग से तथा परियोजना के कार्यान्वयन साझेदार शांतनु चक्रवर्ती, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, बाल रक्षा भारत (सेव द चिल्ड्रेन इंडिया), और मधुस्मित पति, सचिव, नेचर्स क्लब, के साथ किया गया।

कार्यक्रम में उपस्थित प्रमुख गणमान्य व्यक्तियों में डॉ. रामानुज नारायण, निदेशक, CSIR-IMMT, भुवनेश्वर भी शामिल थे। इसके अलावा कई CSIR प्रयोगशालाओं के वैज्ञानिक और तकनीकी कर्मचारी, ओडिशा सरकार के अधिकारी, परियोजना कार्यान्वयन साझेदार संगठन के प्रतिनिधि, कॉर्पोरेट और उद्योग क्षेत्रों के सदस्य तथा कुसुनपुर गांव के ग्रामीण भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे।

उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान एक प्रदर्शनी का आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न CSIR प्रयोगशालाओं द्वारा प्रस्तावित उन तकनीकों को प्रदर्शित किया गया जिन्हें गांव में लागू किया जाना प्रस्तावित है। साथ ही कुसुनपुर स्मार्ट विलेज के लिए तैयार की गई विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) का भी अनावरण किया गया। यह पहल ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका, पर्यावरणीय स्थिरता और आवश्यक सेवाओं तक पहुँच को मजबूत करने के लिए विकसित की गई नवीन तकनीकों को प्रस्तुत करती है। विज्ञान, नवाचार और सामुदायिक सहभागिता को एकीकृत करते हुए CSIR स्मार्ट विलेज पहल का उद्देश्य सुदृढ़ और समावेशी ग्रामीण विकास के लिए एक ऐसा मॉडल तैयार करना है जिसे अन्य स्थानों पर भी दोहराया जा सके।

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